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रायबरेली : कांग्रेस विधायक अदिति सिंह ने कश्मीरी मुद्दे, पर दिया केंद्र सरकार का साथ !!

by Khabar7 - 06-Aug-2019 | 13:52:58
रायबरेली : कांग्रेस विधायक अदिति सिंह ने कश्मीरी मुद्दे, पर दिया केंद्र सरकार का साथ !!

06 अगस्त  2019 ,

लखनऊ !!

जम्मू-कश्मीर को लेकर केंद्र सरकार ने बहुत बड़ा फैसला किया है. इस फैसले को लेकर कांग्रेस दो हिस्सों में बंटी नजर आ रही है. एक धड़ा इस फैसले के खिलाफ है और सरकार पर निशाना साध रहा है जबकि दूसरा धड़ा केंद्र सरकार को समर्थन कर रहा है. अब UP के रायबरेली सदर सीट से कांग्रेस विधायक अदिति सिंह ने भी सरकार के फैसले की सराहना की है |

अदिति सिंह ने किया सरकार का समर्थन !

उन्होंने कहा,"जो मेरा व्यक्तिगत ओपिनियन है इस पर वो मैंने बिल्कुल क्लियर कर दिया था कि ये जो धारा 370 बदलने के लिए जो बिल लाई गई है इसके मैं पूरे पक्ष में हूं. जो राज्यसभा में कल इंट्रोड्यूज भी किया गया था. मैं ये मानती हूं कि इससे देश की जो सुरक्षा व्यवस्था है, उस पर भी फर्क पड़ेगा, जम्मू कश्मीर को अधिक सुविधाएं मिल पाएंगी. और ये बहुत बड़ा हिस्टोरिक डिसिजन है, ये पार्टी लाइन से उपर उठ कर है. मैं सरकार का इस मुद्दे पर समर्थन करती हूं. इसको राजनीतिक मुद्दा नहीं बनाया जाना चाहिए |

आपको बता दें कि सरकार को इस मुद्दे पर BSP चीफ मायावती ने अपना समर्थन दिया है. इसके साथ ही दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने भी इसका समर्थन किया. वहीं AIADMK, YSR कांग्रेस, बीजू जनता दल, अकाली दल, लोक जनशक्ति पार्टी और दूसरी सहयोगी पार्टियां सरकार के साथ में खड़ी नजर आईं.

कांग्रेस के इन नेताओं ने भी किया सरकार का समर्थन !

दीपेंद्र हुड्डा- हुड्डा ने ट्वीट कर लिखा, ''मेरी व्यक्तिगत राय रही है कि 21वीं सदी में अनुच्छेद 370 का औचित्य नहीं है और इसको हटना चाहिए. ऐसा सिर्फ देश की अखंडता के लिए ही नहीं, बल्कि जम्मू-कश्मीर जो हमारे देश का अभिन्न अंग है, के हित में भी है. अब सरकार की यह जिम्मेदारी है कि इसका क्रियान्वयन शांति और विश्वास के वातावरण में हो |

मिलिंद देवड़ा- मिलिंद देवड़ा ने ट्वीट कर कहा, ''दुर्भाग्य से आर्टिकल 370 के मसले को लिबरल और कट्टर की बहस में उलझाया जा रहा है. पार्टियों को अपने वैचारिक मतभेदों को किनारे कर भारत की संप्रभुता, कश्मीर शांति, युवाओं को रोजगार और कश्मीरी पंडितों के लिए न्याय के लिहाज से सोचना चाहिए. उनके अलावा जनार्दन द्विवेदी ने कहा कि राम मनोहर लोहिया भी इसके समर्थन थे. द्विवेदी ने कहा, ‘मेरे राजनीतिक गुरु राम मनोहर लोहिया शुरू से ही अनुच्छेद 370 का विरोध करते थे. हम लोग छात्र आंदोलन में इसका विरोध किया करते थे. जहां तक मेरा व्यक्तिगत विचार है तो उसके हिसाब से यह एक राष्ट्रीय संतोष की बात है |

जनार्दन द्विवेदी- पार्टी के कदम से अलग रुख अपनाते हुए वरिष्ठ कांग्रेस नेता जनार्दन द्विवेदी ने अनुच्छेद-370 को खत्म किए जाने का स्वागत किया है. उन्होंने कहा कि इतिहास में की गई गलती को सुधारा गया है. केंद्र द्वारा लिए गए इस फैसले से देश को फील गुड होगा |

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